शिक्षण के दौरान आयोजित विभिन्न सत्रों एवं विषयों पर मास्टर ट्रेनर्स के साथ विस्तृत चर्चा की गई। प्रतिभागियों से प्रशिक्षण के संबंध में उनके अनुभव, सुझाव एवं महत्वपूर्ण इनपुट प्राप्त किए गए तथा प्रशिक्षण के दौरान सामने आई शंकाओं एवं व्यावहारिक विषयों पर विचार-विमर्श किया गया। इस अवसर पर जनसंख्या गणना के कार्य को निर्धारित दिशा-निर्देशों एवं प्रक्रियाओं के अनुरूप संचालित करने तथा प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त जानकारी को आगामी प्रशिक्षण कार्यक्रमों में प्रभावी रूप से साझा करने पर विशेष जोर दिया गया।
समापन अवसर पर निदेशक इवा आशीष श्रीवास्तव ने सभी मास्टर ट्रेनर्स को संबोधित करते हुए उन्हें आगामी दायित्वों के लिए प्रेरित एवं प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि मास्टर ट्रेनर्स की भूमिका जनगणना-2027 के द्वितीय चरण के सफल संचालन में अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने सभी मास्टर ट्रेनर्स से प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त ज्ञान एवं अनुभव का प्रभावी उपयोग करते हुए संबंधित अधिकारियों एवं गणना कार्मिकों को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण प्रदान करने तथा जनगणना कार्य में शुद्धता, एकरूपता एवं निर्धारित प्रक्रियाओं के अनुपालन को सुनिश्चित करने का आह्वान किया। उन्होंने सभी मास्टर ट्रेनर्स को उनके आगामी दायित्वों के लिए शुभकामनाएं देते हुए जनगणना-2027 के कार्य को पूरी निष्ठा, जिम्मेदारी एवं समन्वय के साथ संपादित करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर निदेशक इवा आशीष श्रीवास्तव एवं संयुक्त निदेशक एवं राष्ट्रीय प्रशिक्षक श्री शैलेन्द्र सिंह नेगी द्वारा सभी मास्टर ट्रेनर्स को स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर मास्टर ट्रेनर्स ने प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान प्राप्त अनुभवों एवं ज्ञान को आगामी कार्यों में प्रभावी रूप से उपयोग करने का संकल्प व्यक्त किया।
जनगणना-2027 के द्वितीय चरण के लिए आयोजित यह प्रशिक्षण कार्यक्रम राज्य में आगामी प्रशिक्षण गतिविधियों को प्रभावी रूप से संचालित करने के लिए प्रशिक्षित एवं सक्षम मास्टर ट्रेनर्स की उपलब्धता सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। प्रशिक्षण के माध्यम से मास्टर ट्रेनर्स को जनसंख्या गणना की प्रक्रियाओं, कार्यप्रणाली एवं व्यावहारिक पहलुओं से अवगत कराया गया, ताकि वे आगामी चरणों में संबंधित अधिकारियों एवं गणना कार्मिकों को प्रभावी प्रशिक्षण प्रदान कर सकें।

