अयोध्या/देहरादून: धार्मिक राजधानी अयोध्या में उत्तराखंड सरकार एक बड़ा कदम उठाते हुए राज्य अतिथि गृह का निर्माण करने जा रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की पहल पर शुरू यह ड्रीम प्रोजेक्ट श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं देने के साथ-साथ उत्तराखंड की सांस्कृतिक पहचान को राष्ट्रीय मंच पर स्थापित करेगा।
स्थल निरीक्षण, अधिकारियों को सख्त निर्देश
सचिव आवास एवं राज्य संपत्ति डॉ. आर. राजेश कुमार ने अयोध्या-फैजाबाद हाईवे पर प्रस्तावित निर्माण स्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि परियोजना गुणवत्ता और तय समयसीमा के अनुसार पूरी की जाए।
निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहे।
रणनीतिक लोकेशन बनेगी बड़ी ताकत
प्रस्तावित अतिथि गृह की लोकेशन इसे खास बनाती है—
- श्रीराम मंदिर से करीब 6.60 किमी
- फैजाबाद शहर से लगभग 6.40 किमी
- अयोध्या एयरपोर्ट से करीब 10 किमी
यह लोकेशन देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं के लिए इसे बेहद सुविधाजनक बनाएगी।
🛏️आम श्रद्धालुओं को मिलेगी राहत
यह परियोजना सिर्फ वीआईपी तक सीमित नहीं होगी।
- आम यात्रियों के लिए किफायती दरों पर ठहरने की सुविधा
- सुरक्षित और व्यवस्थित आवास व्यवस्था
- यात्रा के दौरान ठहरने की समस्या का समाधान
चारधाम यात्रा की तर्ज पर यहां भी बेहतर प्रबंधन का लक्ष्य रखा गया है।
संस्कृति को मिलेगा राष्ट्रीय मंच
सरकार इस अतिथि गृह को केवल आवास तक सीमित नहीं रखेगी, बल्कि इसे सांस्कृतिक केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा।
- लोक कला और लोक संगीत के कार्यक्रम
- पारंपरिक उत्सव और मेले
- सामाजिक और सांस्कृतिक आयोजन
इससे उत्तराखंड की संस्कृति को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलेगी।
पर्यटन और अर्थव्यवस्था को बढ़ावा
अयोध्या में बढ़ते धार्मिक पर्यटन के बीच यह परियोजना उत्तराखंड के लिए आर्थिक रूप से भी फायदेमंद साबित होगी।
- पर्यटन को नई गति
- सांस्कृतिक कनेक्ट मजबूत
- राजस्व के नए अवसर
“सांस्कृतिक सेतु” बनेगा अतिथि गृह
डॉ. आर. राजेश कुमार ने कहा कि यह परियोजना केवल एक भवन नहीं, बल्कि उत्तराखंड और अयोध्या के बीच सांस्कृतिक सेतु का कार्य करेगी।